October 19, 2026

कागजी साबित हुआ नगर पालिका का आदेश! रायपुर रोड में कैंसिल परमिशन के बाद और तेज हुई निर्माण की रफ्तार; किसका मिल रहा संरक्षण?

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मुंगेली ।  नगर में नियम-कानूनों को ताक पर रखकर अवैध निर्माण करने का एक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। जिम्मेदार विभाग द्वारा भवन निर्माण अनुज्ञा रद्द किए जाने के बावजूद, संबंधित भवन निर्माता द्वारा बिना किसी डर के निर्माण कार्य धड़ल्ले से कराया जा रहा है। इस मामले में न केवल प्रशासनिक आदेशों की धज्जियां उड़ाई हैं, बल्कि नगर पालिका की सुस्त कार्यप्रणाली को भी उजागर कर दिया है।

क्या है पूरा मामला ?

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार रायपुर रोड में एसएनजी कालेज के बगल में ही भवन निर्माण कार्य के लिए नगर पालिका द्वारा पूर्व में दी गई अनुमति में नियमों का उल्लंघन पाया, इसके बाद  नगर पालिका प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उक्त भवन की निर्माण अनुज्ञा को तत्काल प्रभाव से केंसिल (रद्द) कर दिया, नियमतः अनुज्ञा निरस्त होने के बाद काम को तुरंत रोक दिया जाना चाहिए था और अवैध हिस्से को ढहाया जाना था, लेकिन यहाँ स्थिति बिल्कुल उलट है।

आदेश के बाद और तेज हुई काम की रफ्तार…

हैरानी की बात यह है कि कैंसिलेशन का आदेश जारी होने के बाद निर्माण कार्य रुकने के बजाय और तेजी से चलने लगा है।

उठ रहे हैं गंभीर सवाल…कागजी साबित हो रहे आदेश…

जानकारों की माने तो इस खसरे में भवन अनुज्ञा जारी ही नहीं की जा सकती, लेकिन सारे नियमों को दरकिनार करते हुए नगर पालिका ने भवन निर्माण अनुज्ञा जारी किया, शिकायत के बाद उसे रद्द किया गया। जब नगर पालिका ने खुद अनुज्ञा कैंसिल की है, तो उस आदेश का पालन कराने के लिए फील्ड पर टीम क्यों नहीं भेजी गई ? सामग्री की जप्ती क्यों नहीं की जा रही ? आखिर अवैध निर्माण को किसका संरक्षण मिल रहा हैं ? बिना किसी रसूख या विभागीय साठगांठ के प्रशासन के आदेश को इस तरह नजरअंदाज करना किसी आम व्यक्ति के बस की बात नहीं है।
स्थानीय नागरिकों ने आरोप लगाते हुए कहा कि क्या जिम्मेदार अधिकारी किसी बड़े दबाव में हैं या फिर “लेन-देन” के खेल में आंखें मूंदकर बैठे हैं ?
इस पूरे मामले की गंभीरता से जांच होनी चाहिए कि आखिर नगर पालिका ने नियम विरुद्ध भवन निर्माण अनुज्ञा क्यों जारी किया ? नगर पालिका ने जीवन मंगलानी सहित दो लोगों का भवन निर्माण अनुज्ञा हाल ही में रद्द किया हैं।

पूरे मामले की शिकायत 10 जून को होने वाले सुशासन तिहार में हो सकती हैं।

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